Description
DIN KI PARICHHAEEN DHUNDHALI HAI (Poems) by Shreedhar Karunanidhi
About The Author
श्रीधर करुणानिधि
जन्म : पूर्णिया, बिहार के दिबरा बाजार गाँव में।
शिक्षा : एम. ए., पीएच.डी., पटना विश्वविद्यालय ।
कृतियाँ : वैश्वीकरण और हिन्दी का बदलता हुआ स्वरूप (आलोचना); खिलखिलाता हुआ कुछ; पत्थर से निकलती कराह (कविता संग्रह); अँधेरा कुछ इस तरह दाखिल हुआ (कहानी-संग्रह)।
सम्मान : राजेन्द्र यादव हंस कथा सम्मान-2025 से सम्मानित ।
लगभग 6 वर्षों तक बिहार वित्त सेवा में असिस्टेंट कमिश्नर के पद पर कार्यरत रहे। वर्तमान में वरीय असिस्टेंट प्रोफेसर के रूप में हिन्दी विभाग, गया कालेज, गया (मगध विश्वविद्यालय) में कार्यरत हैं।






























Reviews
There are no reviews yet.