Description
Sabhyata ke kone
Verrier Elvin Aur Bharatiya Adiwasi Samaj
by Ramachandra Guha
Translated By Anil Maheshwari
रामचन्द्र गुहा
प्रसिद्ध इतिहासकार एवं विचारक रामचन्द्र गुहा (दोस्तों के लिए राम) को विभिन्न पुरस्कारों से पुरस्कृत किया गया है जिनमें प्रमुख हैं आर. के. नारायण पुरस्कार, साहित्य अकादेमी पुरस्कार, रामनाथ गोयनका पुरस्कार एवं पद्म भूषण। वे फुकुओका पुरस्कार से भी सम्मानित हैं। अमेरिका की येल यूनिवर्सिटी ने उनके लेखन के लिए 2014 में उन्हें डी. लिट. की मानद उपाधि प्रदान की।
अनिल माहेश्वरी
जन्म : मेरठ, पचास वर्ष का पत्रकारिता का अनुभवः
‘हिन्दुस्तान टाइम्स’ से विशेष संवाददाता के पद से सेवानिवृत्त। अँग्रेजी में सामयिक विषयों पर एक दर्जन से अधिक किताबों का प्रकाशन। हिन्दी में ‘मस्लक-ए-आला हजरत बरेलवी’, ‘… हाजिर हों : आधुनिक न्यायिक दायरे में रामायण की पुनर्यात्रा’। सम्प्रति : नोएडा में निवास एवं स्वतन्त्र लेखन ।

































Farah Khanam –
यह पुस्तक वेरियर एल्विन की प्रेरणादायक जीवनी है, जो भारतीय आदिवासियों के लिए अपना जीवन समर्पित करते हैं। रामचंद्र गुहा की लेखनी ने उनके जीवन को गहराई से उकेरा है।
Kshitij Singhal –
यह पुस्तक वेरियर एल्विन की प्रेरणादायक जीवनी है, जिसमें रामचंद्र गुहा ने अपनी कुशलता से उनके समर्पण और संघर्ष को जीवंत रूप में प्रस्तुत किया है। गुहा की लेखनी अद्भुत है, जो पाठकों को इस अद्वितीय जीवन यात्रा से गहराई से जोड़ती है।
Sapna Kumari –
रामचंद्र गुहा की यह जीवनी वेरियर एल्विन के समर्पण और उनके जीवन की उत्कृष्टता को बखूबी दर्शाती है। गुहा ने अद्भुत गहराई और संवेदनशीलता से उनके संघर्ष को उजागर किया है, जो आदिवासियों के लिए एक प्रेरणा है।
Anurag –
वेरियर एल्विन की जीवनी पर रामचंद्र गुहा का यह उत्कृष्ट लेखन अद्भुत है। उन्होंने एक ऐसे व्यक्तित्व की कहानी को बहुत खूबसूरती से पेश किया है, जिसने भारतीय आदिवासियों के लिए अपना जीवन समर्पित किया। गुहा की लेखनी में गहराई और संवेदनशीलता दोनों हैं।